नयी दिल्ली। ओलंपियन ईशा सिंह ने पिछले साल के अपने शानदार प्रदर्शन को जारी रखते हुए बुधवार को यहां एशियाई निशानेबाजी चैंपियनशिप (पिस्टल/राइफल) के पहले दिन महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीता और भारत को टीम वर्ग में भी पीला तमगा दिलाने में मदद की, लेकिन विश्व चैंपियन सम्राट राणा को कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा।
इक्कीस वर्षीय ईशा ने फाइनल में पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए 239.8 अंक हासिल किए। उन्होंने चीनी ताइपे की दो निशानेबाजों चेंग येन चिंग (235.4, रजत) और यू ऐ वेन (217.7, कांस्य) के अलावा हमवतन सुरुचि सिंह की कड़ी चुनौती से पार पाकर सीनियर एशियाई चैम्पियनशिप में अपना दूसरा स्वर्ण पदक जीता।इस निशानेबाज ने पिछले साल चीन के निंगबो में आईएसएसएफ विश्व कप में स्वर्ण पदक जीता था। उन्होंने 2024 में 19 वर्ष की आयु में जकार्ता में अपना पहला महाद्वीपीय खिताब जीता था।
पहले 10 शॉट के चरण के बाद फाइनल में बढ़त बनाने वाली 19 वर्षीय सुरुचि एलिमिनेशन राउंड में पिछड़ गर्इं और चौथे स्थान पर रहीं, जबकि पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक जीतने और आठ निशानेबाजों के फाइनल में पहुंचने वाली तीसरी भारतीय मनु भाकर सातवें स्थान पर रहीं। ईशा ने संयम बनाए रखते हुए 10.4 और उससे अधिक के तीन स्कोर बनाकर स्वर्ण पदक के लिए अपना दावा मजबूत किया जबकि इस बीच चीनी ताइपे की दोनों निशानेबाज पिछड़ गई।क्वालीफाइंग राउंड में सुरुचि 576 अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहीं, जबकि मनु और ईशा दोनों का स्कोर 575 रहा।
Esha Singh is the Asian Champion again in 10m Air Pistol! First Gold Medal for India at this Asian Shooting Championship! Suruchi finished 4th while Manu Bhaker had to be contained with Team Gold and a 7th Place finish. #IndianShooting pic.twitter.com/ZEeN2N2ba5
— IOD Sports (@olympic_indian) February 4, 2026
इन तीनों ने फाइनल में जगह बनाई।सुरुचि (576), मनु (575) और ईशा (575) की तिकड़ी ने कुल 1726 अंकों के साथ टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीता, जो क्रमश: रजत और कांस्य पदक जीतने वाले वियतनाम (1713) और चीनी ताइपे (1711) से काफी अधिक था। इससे पहले विश्व चैंपियन सम्राट पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल के फाइनल में अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाए और उन्हें कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा। पिछले साल काहिरा में विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले सम्राट ने क्वालीफाइंग राउंड में 581 का स्कोर बनाकर दूसरे स्थान पर रहते हुए फाइनल में जगह बनाई और लग रहा था कि वह अपना अच्छा प्रदर्शन जारी रखने में सफल रहेंगे।
लेकिन फाइनल में यह 21 वर्षीय खिलाड़ी 220.3 का स्कोर बनाकर उज्बेकिस्तान के व्लादिमीर स्वेचनिकोव (242.0) और कजाकिस्तान के वैलेरी रखिमजान (241.0) से पीछे तीसरे स्थान पर रहा। आठ निशानेबाजों के फाइनल में पहुंचने वाले दूसरे भारतीय खिलाड़ी श्रवण कुमार चौथे स्थान पर रहे।भारत ने इस स्पर्धा में टीम रजत पदक जीता। भारत की तरफ से सम्राट (581), श्रवण (578) और विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता वरुण तोमर (573) ने कुल 1732 अंक बनाए।उज्बेकिस्तान के भी 1732 अंक थे लेकिन उसने मेजबान भारत के 52 के मुकाबले 58 ‘इनर 10’ का स्कोर बनाया था और इसलिए उसे स्वर्ण पदक मिला। कजाकिस्तान 1731 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा।भारत ने इस प्रतियोगिता में 118 निशानेबाजों का सबसे बड़ा दल उतारा है। कजाकिस्तान का दल दूसरा सबसे बड़ा है। उसके 35 निशानेबाज इस टूर्नामेंट में भाग ले रहे हैं।
अन्य परिणाम:
पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल (जूनियर): 1. गेविन एंटनी (भारत, 240.9), इमांडोस बेक्टेनोव (कजाकिस्तान, 236.7), मारूफ औलिया (इंडोनेशिया, 215.6)।
टीम: 1. भारत 1735 अंक, 2. कजाकिस्तान 1680 अंक।

